नूतन पाण्डेय की अनोखी पहल: गार्गी पाठशाला से शिक्षा की नई रोशनी, समाज से जुड़ने की अपील

सासाराम नगर, संवाददाता। सासाराम के अमरा तालाब क्षेत्र में पिछले 15 महीनों से संचालित गार्गी पाठशाला आज शिक्षा के क्षेत्र में एक प्रेरणादायक मॉडल बनकर उभर रही है। इस नि:शुल्क पाठशाला की शुरुआत नूतन पाण्डेय ने समाज में शिक्षा की अलख जगाने और जरूरतमंद बच्चों तक शिक्षा की रोशनी पहुंचाने के उद्देश्य से की थी। आज उनकी यह सोच एक जनआंदोलन का रूप लेती दिखाई दे रही है।

नूतन पाण्डेय ने बताया कि इस पहल की शुरुआत उन्होंने अकेले की थी, लेकिन धीरे-धीरे आसपास की महिलाओं और समाज के जागरूक लोगों का सहयोग उनके साथ जुड़ता गया। आज गार्गी पाठशाला जरूरतमंद बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा देने के साथ-साथ समाज में शिक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुकी है।

उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं होती, बल्कि यह समाज में सकारात्मक बदलाव का सबसे सशक्त माध्यम है। नूतन पाण्डेय का मानना है कि यदि समाज के लोग थोड़ा समय और सहयोग दें, तो शिक्षा का यह अभियान रोहतास जिले के हर प्रखंड, पंचायत और गांव तक पहुंच सकता है।

नूतन पाण्डेय ने विशेष रूप से महिलाओं और युवाओं से इस मुहिम से जुड़ने की अपील करते हुए कहा कि बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाने के लिए समाज के हर वर्ग की भागीदारी जरूरी है। उनका कहना है कि प्रेम, सकारात्मक सोच और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना रखने वाला हर व्यक्ति इस अभियान का हिस्सा बन सकता है।

उन्होंने आगे कहा कि आज भी कई ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा के महत्व को लेकर जागरूकता की कमी है। ऐसे में समाज के जागरूक लोगों को आगे आकर बच्चों को शिक्षित करने और प्रेरित करने की आवश्यकता है। नूतन पाण्डेय ने बताया कि इस अभियान के विस्तार के लिए जल्द ही एक बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें अधिक लोगों को जोड़कर शिक्षा के इस मिशन को और मजबूत बनाया जाएगा।

अंत में नूतन पाण्डेय ने समाज के लोगों से अपील की कि इस संदेश को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं, ताकि शिक्षा की रोशनी हर बच्चे तक पहुंच सके और समाज में सकारात्मक परिवर्तन की नई शुरुआत हो सके।